उत्तर प्रदेश

कान्हा गोशाला में लापरवाही पर पशु चिकित्सा अधिकारी निलंबित-AMC को गोशाला का मिला प्रभार

गोवंशों की उपेक्षा पर सीएम योगी का बड़ा एक्शन!

रितेश श्रीवास्तव,,


🐄 गोवंशों की उपेक्षा पर सीएम योगी का बड़ा एक्शन!

मेरठ की कान्हा गोशाला में लापरवाही पर एफआईआर, निलंबन और सख्त सुधारात्मक कदम

📍 लखनऊ/मेरठ | 22 जुलाई 2025

मेरठ स्थित कान्हा उपवन गोशाला में गोवंशों की देखभाल में घोर लापरवाही का मामला सामने आने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कड़ा रुख अपनाते हुए नगर विकास विभाग को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो ने इस मामले को उजागर किया, जिसके बाद पूरे प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया।

🔴 लापरवाही के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई

  • दो आउटसोर्सिंग फर्मोंजैन कंप्यूटर्स और शिवम इंटरप्राइजेज पर पशु क्रूरता अधिनियम, 1960 के तहत एफआईआर
  • पशु चिकित्सा अधिकारी, केयरटेकर, लिपिक – तत्काल प्रभाव से निलंबित
  • सहायक नगर आयुक्त शरद पाल से गोशाला का प्रभार हटाकर अपर नगर आयुक्त पंकज कुमार सिंह को सौंपा गया

📹 वायरल वीडियो से उठा पर्दा

12 जुलाई को सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें गोवंशों को दयनीय स्थिति में दिखाया गया। निरीक्षण में पता चला कि गोशाला में चारा, पानी और भूसे की उपलब्धता के बावजूद उसे गोवंशों तक पहुंचाया नहीं जा रहा था। कर्मचारियों की ड्यूटी से अनुपस्थिति भी उजागर हुई।

📋 गंभीर रिपोर्ट सामने आने पर तत्काल कार्रवाई

  • जैन कंप्यूटर्स ने 24 और शिवम इंटरप्राइजेज ने 18 गोपालकों की तैनाती दिखाई, लेकिन अधिकांश ड्यूटी पर नहीं मिले
  • लिपिक विकास शर्मा, पशु चिकित्सा अधिकारी हरपाल सिंह, और केयरटेकर के खिलाफ सख्त कार्रवाई
  • गोशाला के रिकॉर्ड अपूर्ण और अभिलेखों का रखरखाव लचर

🛠️ व्यवस्था सुधार के लिए उठाए गए ठोस कदम

सुधारात्मक कदम विवरण
सीसीटीवी कैमरे 12 कैमरे लगाए गए गोशाला की निगरानी के लिए
✅ फेस रिकग्निशन सिस्टम कर्मचारियों की उपस्थिति सुनिश्चित करने हेतु
✅ ट्रॉमा सेंटर बीमार या घायल गोवंशों के इलाज की व्यवस्था
✅ दो शिफ्टों में तैनाती 6 होमगार्ड और 50 नए कर्मचारी (25-25 की दो शिफ्टों में)
✅ भूमि विस्तार 15,000 वर्ग मीटर भूमि चिन्हित

🗣️ सरकार का सख्त संदेश

प्रदेश सरकार ने साफ किया है कि गोशालाओं में लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की स्पष्ट मंशा है कि गोवंशों की सेवा और देखभाल सर्वोच्च प्राथमिकता है।

📌 निगरानी बढ़ेगी, जवाबदेही तय होगी

नगर निगम ने शासन को इस मामले की विस्तृत रिपोर्ट भेज दी है। भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। शासन द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार अब गोशालाओं की निगरानी और व्यवस्था की जाएगी।

Related Articles

Back to top button